Best Ahmad faraz shayari 2 lines in Hindi | अहमद फराज़ 2 लाइन …

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मिली सज़ा जो मुझे वो किसी खता पे नहीं “फराज़”,
मुझ पे जुर्म साबित हुआ जो वफा का था।

Mile sza jo mujhe wo kisi khata pe nahi “Faraz”,
Mujh pe jurm saabit hua jo wafa ka tha.

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अजब चराग हूँ दिन रात जल रहा हूँ “फराज़”,
मैं थक गया हूँ हवा से कहो बुझाये मुझे।

Ajab chirag hun din raat jal raha hun “Faraz”
Mai thakk gaya hun hawa se kaho bujhaye mujhe.

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शिद्दत-ए-दरद से शर्मिंदा नहीं मेरी वफा “फराज़”
दोस्त गहरे हैं तो फिर जख्म भी गहरे होंगे

Shiddat-E-Dard se sharminda nahi meri wafa “Faraz”,
Dost gehrey hain to phir zakham bhi gehre honge

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लाख ये चाहा के उसको भूल जाऊं “फराज़”
हौंसले अपनी जगह है, बेबसी अपनी जगह

Laakh ye chaha ke usko bhool jaun “Faraz”
Huaslein apni jagah hai, bebasi apni jagah

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हज़ूम-ए-गम मेरी फितरत बदल नहीं सकती “फराज़”,
मैं क्या करूं मुझे आदत है मुसकुराने की

Hazoom-E-Gam meri fitrat badal nahi sakti “Faraz”
Main kya karoon mujhe aadat hai muskurane ki

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हमारे सब्र की इंतहां क्या पूछते हो “फ़राज़”
वो हम से लिपट के रो रहे थे किसी और के लिए

Hamare sabar ki inteha kya puchte ho “Faraz”
Wo hum se lipat ke ro rahe the kisi aur ke liye

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ये वफ़ा तो उन दिनों की बात है “फ़राज़”
जब लोग सच्चे और मकान कच्चे हुआ करते थे

Ye wafa toh un dino ki baat hai “Faraz”
Jab log sacche aur makaan kacche hua karte the

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तमाम उम्र मुझे टूटना बिखरना था “फ़राज़”
वो मेहरबां भी कहाँ तक समेटता मुझे

Tamam umar mujhe tootna bhikarna tha “Faraz”
Wo meherbaan bhi Kahan tak samet ta mujhe

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एक ही ज़ख्म नहीं सारा बदन ज़ख्मी है “फ़राज़”
दर्द हैरान है की उठूँ तो कहाँ से उठूँ

Ek hi zakham nahi sara badan zakhmi hai “Faraz”
Dard Hairan hai ki uthoon to kahan se uthoon

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जिसको भी चाहा शिद्दत से चाहा है “फ़राज़”
सिलसिला टूटा नहीं दर्द की ज़ंजीर का

Jisko bhi chaha shiddat se chaha hai “Faraz”
Silsila toota nahi dard ki zanjeer ka

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ये ज़लज़ले यूँ ही बेसबब नहीं आते
ज़रूर ज़मीन के नीचे कोई दीवाना तड़पता होगा

Ye zalzale yun hi besbab nahin aate
Jaroor zameen ke neeche koi deewana tadpta hoga

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साधना अजबगजबजानकारी की एडिटर और Owner हूं। मैं हिंदी भाषा में रूचि रखती हूं। मैं अजब गजब जानकारी के लिए बहुत से विषयों पर लिखती हूं | मुझे ज्यादा SEO के बारे में जानकारी तो नहीं थी लेकिन फिर भी मैने हार नहीं मानी और आज मेरा ब्लॉग अच्छे से काम कर रहा है।

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