लाला लाजपत राय जीवन परिचय(Lala Lajpat Rai Biography in Hindi)

0
96
लाला लाजपत राय जीवन परिचय

लाला लाजपत राय, भारतीय स्वतंत्रता संग्राम के महानायकों में से एक थे। उनके देशभक्ति, विचारधारा, और समाजसेवा के प्रति समर्पण के कारण वे एक प्रेरणा स्रोत थे। इस लेख में, हम उनके जीवन के बारे में विस्तार से जानेंगे।

लाला लाजपत राय का बचपन

लाला लाजपत राय का जन्म 28 जनवरी, 1865 में, इलाहाबाद, उत्तर प्रदेश में हुआ था। उनके पिता का नाम राजकृष्ण दत्त था, जो एक वकील और समाजसेवी थे। उनकी मां का नाम गुलाब देवी था, जिन्हें शिक्षित करने में वे खास रूचि रखते थे। लाला लाजपत राय को बचपन से ही स्वतंत्रता सेनानियों की कहानियों से प्रेरित होने का सौभाग्य मिला।

इसे भी पढ़ें- राहुल गांधी का जीवन परिचय 

युवावस्था और शिक्षा

लाला लाजपत राय की युवावस्था भव्य और उत्साहभरी थी। उन्होंने इलाहाबाद के आलाहदादपुर गाँव में अपनी प्रारंभिक शिक्षा पूरी की। धीरे-धीरे उनकी पढ़ाई में रुचि बढ़ने लगी और वे एक उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में भर्ती हुए।

लाला लाजपत राय का देशभक्ति के प्रति अभिमान

जब लाला लाजपत राय युवावस्था में थे, तब उन्हें देशभक्ति के प्रति गहरा अभिमान था। उन्होंने स्वदेशी आंदोलन के नेताओं से मिलकर अपनी देशभक्ति और सेवा को समर्पित किया।

लाला लाजपत राय का समाजसेवा में योगदान

लाला लाजपत राय ने समाजसेवा में अपना पूरा जीवन लगा दिया। उन्होंने महिलाओं के शिक्षा, उन्नति, और स्थानीय समाज के विकास में अपना अद्भुत योगदान दिया। उन्होंने महिला शिक्षा के लिए नारी शिक्षा मंदिर नामक संस्था की स्थापना की।

इसे भी पढ़ेंएकलव्य की कहानी 

लाला लाजपत राय के स्वतंत्रता संग्राम में योगदान

लाला लाजपत राय को भारतीय स्वतंत्रता संग्राम के महानायकों में से एक माना जाता है। उन्होंने गांधीजी के साथ मिलकर अंग्रेजी सरकार के खिलाफ अपने संघर्ष का समर्थन किया।

लाला लाजपत राय की विदेश यात्राएँ

लाला लाजपत राय ने अपने स्वतंत्रता संग्राम के समय विदेशों में भारतीय बच्चों के लिए धन जुटाने के लिए अपनी पूरी शक्ति लगाई। उन्होंने अमेरिका और जापान की यात्रा की और वहां धन इकट्ठा कर भारत के स्वतंत्रता संग्राम को समर्थन किया।

लाला लाजपत राय की उपलब्धियाँ

लाला लाजपत राय के जीवन में कई महत्वपूर्ण उपलब्धियाँ हुई। उन्हें “पंडित” के उपाधि से सम्मानित किया गया और उन्हें विश्व भर में विदेशी संस्थानों से सम्मानित किया गया।

लाला लाजपत राय के निधन की दुखद खबर

लाला लाजपत राय के पुरे जीवन में वे समाजसेवा और स्वतंत्रता संग्राम के लिए अपना सबकुछ न्योछावर कर दिया। उनका निधन 17 नवंबर, 1928 में हुआ। उनके निधन की खबर से पूरा देश शोक में डूब गया।

Conclusion

लाला लाजपत राय एक महान स्वतंत्रता सेनानी, समाजसेवी, और शिक्षाविद थे। उनके जीवन के इस अनमोल परिचय में हमने उनके बचपन से लेकर उनके देशभक्ति और समाजसेवा में योगदान तक के पहलू को देखा। उनके देशवासियों के लिए लाला लाजपत राय का योगदान अद्भुत और प्रेरणास्पद है। वे आज भी हमारे दिलों में जीवित हैं और हमें समर्थन करते हैं कि हम भी अपने देश के लिए समर्थन करें और समाजसेवा में अपना योगदान दें।

इसे भी पढ़ेंप्रतिभा पलायन पर निबंध 

FAQs (Frequently Asked Questions)

लाला लाजपत राय का जन्म कब हुआ था?

लाला लाजपत राय का जन्म 28 जनवरी, 1865 में हुआ था।

लाला लाजपत राय को कौन से उपाधि से नवाजा गया था?

लाला लाजपत राय को “पंडित” के उपाधि से सम्मानित किया गया था।

लाला लाजपत राय ने किस देश में विदेश यात्रा की थी?

लाला लाजपत राय ने अमेरिका और जापान की यात्रा की थी।

लाला लाजपत राय को किस विषय में उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में भर्ती किया गया था?

लाला लाजपत राय को उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में गणित विषय में भर्ती किया गया था।

लाला लाजपत राय का समाजसेवा में क्या योगदान था?

लाला लाजपत राय ने समाजसेवा में महिला शिक्षा के लिए नारी शिक्षा मंदिर नामक संस्था की स्थापना की थी।

लाला लाजपत राय को किस बार में स्वतंत्रता संग्राम के महानायकों में से एक माना जाता है?

लाला लाजपत राय को भारतीय स्वतंत्रता संग्राम के महानायकों में से एक माना जाता है।

Disclaimer: Please be aware that the content provided here is for general informational purposes. All information on the Site is provided in good faith, however we make no representation or warranty of any kind, express or implied, regarding the accuracy, adequacy, validity, reliability, availability or completeness of any information on the Site.

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here